सीधी पेशाब कांड पीड़ित दशमत रावत सीएम हाउस में आकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मिला। जहां सीएम शिवराज ने आदिवासी के पैर धोकर उसका सम्मान किया। साथ ही उससे माफी मांगी। घटना पर सीएम ने दुख जताते हुए कहा कि ‘मन द्रवित है।सीएम ने पीड़ित के पैर धोकर सभी को ये संदेश दिया है कि किसी के साथ हमें इस तरह के व्यवहार से बचना होगा। साथ ही वे दशरथ रावत के साथ पौध रोपण भी करेंगे।सीधी पेशाब कांड पर सख्ती दिखाते हुए सीएम शिवराज सिंह द्वारा पहले ही निर्देश जारी कर दिए थे। लेकिन अब उन्होंने परिजनों से हाल जानने की बात कही है। सीएम ने ट्वीट कर कहा कि जबसे मैंने सीधी की घटना का वीडियो देखा, तो अंतर्मन अत्यधिक व्याकुल और हृदय पीड़ा से भरा हुआ है। उन्होंने कहा कि दशमत से मिलकर उनका दुख बांटना चाहता हूं। दशमत को न्याय मिलेगा। संवेदनाएं व्यक्त करने के साथ परिवार को ढाढस बंधाऊंगा।सीधी पेशाब कांड मामले में आज कांग्रेस की जांच कमेटी सीधी पहुंचेगी। घटनास्थल पर जाकर 5 सदस्यीय कमेटी जांच करेगी। जहां वे पीड़ित के परिवार से भी मुलाकात करेंगे। साथ ही आसपास के रहवासी आदिवासियों से चर्चा करके 8 जुलाई तक रिपोर्ट सौंपेगी। सीधी पेशाब कांड उस समय चर्चा में आया जब भाजपा के पूर्व विधायक प्रतिनिधि द्वारा आदिवासी समुदाय के दशरथ यादव पर खुलेआम पेशाब की और उसका वीडियो बनाया। कांग्रेस ने इसको मुद्दा बनाया तथा राहुल गांधी एवं प्रियंका गांधी ने आदिवासी समुदाय पर हो रहे अत्याचारों का हवाला देते हुए इस मुद्दे पर ट्वीट किए और इसे प्रमुखता से उठाया।सीधी पेशाब कांड को लेकर गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने बड़ा बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि आरोपी द्वारा इस अमानवीय करतूत पर उसको बख्सा नहीं जाएगा। अपराधी, अपराधी होता है। उसकी कोई जाति नहीं होती। उसके इस करतूत पर एक्शन लेते हुए उन्होंने कहा कि उसके अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाने की कार्यवाही कही थी। जिसके बाद प्रवेश शुक्ला के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चला था। उन्होंने कहा था कि कृत्य बहुत निंददीय है। ये भाजपा की सरकार है, यहां कानून का राज है। मंगलवार रात को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया था। उन्होंने कहा था कि ऐसे अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा। मानवता को शर्मासार करने वाली घटना है। हिन्दू-मुस्लिम देखकर कांग्रेस कार्रवाई करती है। कानून और अपराध की कोई जाति नहीं होती। अपराध-अपराध होता है।